लेखिका गीतांजलि श्री के उपन्यास ‘टूंब आफ सैंड’ को अंतरराष्ट्रीय बुकर प्राइज मिला है। प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय बुकर पुरस्कार जीतने वाली किसी भी भारतीय भाषा की यह पहली पुस्तक बन गई है। गीतांजलि श्री की पुस्तक का अंग्रेजी अनुवाद डेजी राकवेल ने किया है। उनका उपन्यास टूंब आफ सैंड, भारत के विभाजन से जुड़ी पारिवारिक गाथा… Continue reading गीतांजलि श्री ने पहले हिंदी उपन्यास ‘टॉम्ब ऑफ सैंड’ के लिए जीता अंतरराष्ट्रीय बुकर पुरस्कार