बता दें की तीन राज्यों के विधानसभा चुनाव में मात खाने के बाद प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने अपनी रणनीति बदल दी है। अब पार्टी प्रदेश में नए सिरे से जनआंदोलन शुरू करेगी। इसके तहत फ्रंटल संगठन अलग-अलग मोर्चे पर कार्य करेंगे। मुख्य कमेटी पदयात्रा सहित अन्य जनआंदोलन से जुड़े कार्यक्रम शुरू करेगी। इसको लेकर मंगलवार को प्रदेश कांग्रेस कमेटी की बैठक बुलाई गई है।
कांग्रेस की कोशिश है कि किसी तरह से उत्तर प्रदेश में नए सिरे से सियासी जमीन तैयार की जाए। इसके लिए पार्टी के पिछड़ा वर्ग विभाग की ओर से जातीय जनगणना कराने, आरक्षण का दायरा बढ़ाने के लिए विभिन्न जिलों में सम्मेलन किए जा रहे हैं। अल्पसंख्यक विभाग भी मुस्लिमों के बीच रचनात्मक कार्यों के जरिए पैठ बना रहा है। दलितों को लुभाने के लिए दलित गौरव संवाद कार्यक्रम चल रहा है। कार्यक्रम के तहत सपा, रालोद सहित विभिन्न दलों के तमाम नेताओं ने कांग्रेस की सदस्यता ली।