बता दें की रामनगर वनप्रभाग के अंतर्गत पड़ने वाले कोटा रेंज के भंडारपानी क्षेत्र के पास दिल्ली से होटल की ओर पाटकोट भलोंन की तरफ़ जा रहे पर्यटकों की कार पर हाथियों के झुंड ने भंडारपानी क्षेत्र पर हमला कर दिया,जिसमे कार में सवार टूरिस्टों ने बमुश्किल कार से बाहर निकलकर जंगल की ओर भागकर अपनी जान बचाई वहीं गस्त पर क्षेत्र में घूम रहे रेंज अधिकारी रमेश चंद्र ध्यानी के नेतृत्व में वनकर्मियों ने तुरंत ही मौके पर पहुंचकर बमुश्किल हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ा,जिससे एक हादसा होने से टल गया।साथ ही हमले में क्षतिग्रस्त हुई कार में सवार सोनू प्रसाद निवासी दिल्ली व अन्य 2 कारों में सवार 6 जे ज्यादा पर्यटकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर वनकर्मी सुरक्षित तरीके से भण्डारपानी चौकी ले आये,जिसके बाद वनकर्मी खुद उन्हें उनके रिसोर्ट तक सुरक्षित छोड़ कर आये,वनकर्मियों की गश्त की वजह से एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
वही वन विभाग द्वारा लोगों से लगातार आग्रह किया जाता है कि वह रात में इस मार्ग पर न निकलें, क्योंकि यह वन्यजीव बाहुल्य क्षेत्र है, उसके साथ ही हाथी कोरीडोर होने की वजह से हाथी रोड पर दिखाई देते हैं जिससे कई बार ऐसे मामले प्रकाश में आते हैं।बता दें की सभी पर्यटकों ने वन विभाग का आभार जताया,जिनकी वजह से एक बड़ा हादसा होने से टल गया। वही जानकारी देते हुए वनप्रभाग के डीएफओ दीगांत नायक ने बताया कि देर रात 11बजकर 30 मिनट की यह घटना है जिसमें यह पर्यटक रामनगर से पाटकोट भलोंन की तरफ रिसोर्ट में जा रहे थे,जिन पर हाथियों के झुंड ने हमला कर दिया, उन्होंने कहा कि हमारे द्वारा 6:30 बजे से यह रास्ता रामनगर के टेड़ा गेट से बंद कर दिया जाएगा।साथ ही उन्होंने कहा कि हमारी कोटा रेंज की वनकर्मियों की टीम को प्रोत्साहित भी किया जाएगा।