अगर आपके फोन पर कोई खुद को CBI अधिकारी, पुलिस अफसर या जज बताकर कॉल करे और पैसे ट्रांसफर करने का दबाव बनाए… तो सावधान हो जाइए, क्योंकि यह साइबर ठगी का नया हथकंडा हो सकता है।” उत्तराखंड में लगातार बढ़ रहे साइबर अपराधों को देखते हुए एसटीएफ ने लोगों के लिए बड़ा अलर्ट जारी किया है। एसटीएफ के एसएसपी अजय कुमार ने बताया कि साइबर अपराधी अब पहले से ज्यादा शातिर तरीके अपनाकर लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। ठग कभी निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देते हैं, तो कभी ‘डिजिटल अरेस्ट’ का डर दिखाकर लोगों से पैसे ऐंठते हैं। इतना ही नहीं, कई मामलों में अपराधी खुद को CBI अधिकारी, पुलिसकर्मी, जज या अन्य सरकारी अधिकारी बताकर लोगों को डराते हैं और उनसे बैंक खातों में रकम ट्रांसफर करा लेते हैं।
फर्जी UPI लिंक, नकली वेबसाइट और संदिग्ध मैसेज के जरिए भी लोगों की निजी और बैंकिंग जानकारी चुराई जा रही है। SSP अजय कुमार ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल, मैसेज, लिंक या निवेश के ऑफर पर बिना जांच किए भरोसा न करें। यदि कोई व्यक्ति खुद को सरकारी अधिकारी बताकर पैसे मांगता है या कार्रवाई की धमकी देता है, तो सबसे पहले उसकी पहचान की पुष्टि करें और घबराकर कोई भी भुगतान न करें। अपनी बैंकिंग जानकारी, OTP, UPI PIN या अन्य निजी जानकारी किसी के साथ साझा न करें। उन्होंने कहा कि साइबर अपराधियों से बचने का सबसे प्रभावी तरीका जागरूकता और सतर्कता है। थोड़ी-सी सावधानी न सिर्फ आपकी मेहनत की कमाई बचा सकती है, बल्कि आपको एक बड़े साइबर फ्रॉड का शिकार बनने से भी बचा सकती है।