उत्तराखंड के चमोली जिले में पुलिस ने नकली ज्वैलरी पर फर्जी हॉलमार्क लगाकर लोगों को ठगने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से हॉलमार्क लगाने की मशीन समेत कई उपकरण बरामद किए हैं। मामला उस समय सामने आया जब ज्योतिर्मठ निवासी एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई कि उसने अपने सोने के आभूषण एक ज्वैलर के पास गिरवी रखे थे, जिन्हें बाद में छुड़ाने पर उन्हें शक हुआ। जांच में पता चला कि असली गहनों की जगह नकली ज्वैलरी देकर उस पर फर्जी हॉलमार्क लगाया गया था, जिससे वह असली जैसी दिखे।
पुलिस की पूछताछ में मुख्य आरोपी ने कबूल किया कि उसने असली गहनों के बदले नकली आभूषण तैयार करवा कर वापस कर दिए थे। साथ ही एक और बड़ा खुलासा हुआ कि कर्णप्रयाग निवासी दूसरा आरोपी कम कैरेट की ज्वैलरी पर फर्जी मोहर लगाकर उसे असली हॉलमार्क गहनों की तरह तैयार करता था और इसके लिए उसके पास बिना लाइसेंस की मशीन भी मौजूद थी। सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उसे भी गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश जारी है, ताकि ऐसे फर्जीवाड़े पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।