35 घंटे से बंद है चंपावत टनकपुर चंपावत राष्ट्रीय राजमार्ग
उत्तराखंड में चंपावत के स्वांला में पहाड़ी दरकने के कारण टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर रविवार को दिनभर दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइन लग गई। इससे सुबह से शाम तक राजमार्ग के दोनों तरफ 150 से अधिक वाहन फंसे रहे। जिसके बाद इन वाहनों और इसमें फंसे यात्रियों को प्रशासन द्वारा वापस भेजा गया| आपको बता दें प्रदेश में बारिश के चलते हुए भूस्खलन और बोल्डर आने से दो नेशनल हाईवे समेत कुल एक सौ सड़सठ सड़कें बंद हैं।
आज दोपहर तक खुलने के आसार
आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार रविवार दोपहर दो बजे बाद काम शुरू हुआ लेकिन बीच-बीच में मलबा आने से काम रोकना पड़ा। एनएच खंड के ईई सुनील कुमार ने बताया कि सड़क खोलने के लिए दो मशीनें लगाई गईं लेकिन देर शाम तक मलबा नहीं हटाया जा सका। वहीं आज सुबह तक सड़क खुलने के आसार बताए गए हैं। एनएच बंद होने के बाद प्रशासन हरकत में आया। वहीं टनकपुर और चंपावत की ओर से आवाजाही को रोक दिया गया। तहसीलदार ज्योति धपवाल ने मौका मुआयना कर तेजी से काम करने के एनएच खंड को निर्देश दिए।
लोगों को करना पड़ रहा है भारी दिक्कतों का सामना
फंसे यात्रियों के लिए पानी और बिस्किट की व्यवस्था की गई। उधर, भारी मलबे से स्वांला में सड़क के 30 मीटर हिस्से के टूटने से सड़क के नीचे की सुरक्षा दीवार को भी नुकसान हुआ है… राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने से जिला मुख्यालय चंपावत सहित लोहाघाट और अन्य स्थानों पर फल सब्जियों सहित अन्य प्रकार के सामान की किल्लत होने लगी।स्वांला के पास पहाड़ी दरकने से रोडवेज सेवा पर असर पड़ा है। वहीं रविवार को रोडवेज की लोहाघाट से हल्द्वानी की एकमात्र बस चली लेकिन 23 किमी दूर स्वांला में यह बस भी फंस गई। लोहाघाट से एक भी बस का संचालन नहीं हुआ। वाहनों को पाटी-देवीधुरा होकर भेजा गया।
Date- 08/August/2022
Pennde By – Meghna