शहर में खुली नहरें और बदहाल सड़कें एक बार फिर एक दर्दनाक हादसे की वजह बन गईं। सुशीला तिवारी अस्पताल के पीछे रामपुर रोड से केनाल सर्विस रोड को जोड़ने वाले लिंक मार्ग पर बुधवार शाम एक ई-रिक्शा अनियंत्रित होकर नहर में जा गिरा। हादसे में ई-रिक्शा चालक की मौत हो गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस इलाके में पहले भी कई गंभीर हादसे हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद सुरक्षा व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है। घटना के बाद क्षेत्र में लोगों की भीड़ जमा हो गई और पुलिस भी मौके पर पहुंची।
मृतक की पहचान उजाला नगर निवासी 45 वर्षीय आरिफ उर्फ नजीर, पुत्र अब्दुल हाफिज, के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वह ई-रिक्शे में इलेक्ट्रिक का सामान लेकर जा रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, लिंक मार्ग पर सड़क के गड्ढे के कारण ई-रिक्शा अनियंत्रित होकर खुली नहर में पलट गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत चालक को बाहर निकालकर सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। आरिफ अपने पीछे पत्नी और चार बच्चों का परिवार छोड़ गए हैं। बताया गया कि वह सिंधी चौराहे की ओर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में परिवहन विभाग की चेकिंग देखकर उन्होंने लिंक मार्ग का रुख किया था, जहां यह हादसा हो गया।
यह पहली बार नहीं है जब इसी क्षेत्र में खुली नहर किसी बड़े हादसे का कारण बनी हो। 25 जून 2025 को भी दमकल विभाग के पीछे खुली नहर में एक कार गिर गई थी, जिसमें एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि दो अन्य घायल हो गए थे। उस घटना के बाद नहरों को सुरक्षित बनाने और सड़कों की स्थिति सुधारने के दावे किए गए थे, लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि आज भी कई स्थानों पर हालात पहले जैसे ही हैं। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं के बाद शहर में खुली नहरों पर सुरक्षा रेलिंग, बैरिकेडिंग और सड़क सुधार की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।