एक हफ्ते पहले देहरादून में हुए सड़क हादसे में नया मोड़ सामने आया है आपको बता दे इस हादसे की लगातार कई एंगल से छानबीन की जा रही है लेकिन सच तो सिर्फ ICU में भर्ती हुआ छात्र सिद्देश ही जानता है। ऐसे में जब तक सिद्धेश होश में नहीं आ जाता तब तक पुलिस और परिवहन विभाग अपनी जांच जारी रखे हुए हैं। हालांकि इसी बीच स्मार्ट सिटी ने भी कार के रूट की जांच करते हुए नया खुलासा किया है। शुरुआत में ये बात सामने आयी थी कि कार पूरे शहर में ओवर स्पीड से दौड़ती रही, लेकिन शहर के सीसीटीवी कैमरों से स्मार्ट सिटी ने इसका भी खंडन कर दिया। इनोवा कार 11 जगहों के सीसीटीवी कैमरों से गुजरती दिखाई दी जिसमे कार की स्पीड सामान्य थी पर अचानक कुछ दुरी पर कार की स्पीड अचानक बढ़ गयी। जिसके बाद अन्य जगहों के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज चेक की गईं तो कार का करीब छह किलोमीटर का रूट भी सामने आया।
मगर, इस रूट में जो बात अब भी खटक रही है वो है कांवली रोड स्थित पुलिस चौकी के सामने से यू-टर्न। यहां से होते हुए कार फिर गोविंदगढ़, बल्लीवाला, सिनर्जी अस्पताल के सामने से होते हुए ओएनजीसी चौक पर पहुंची, जहां दुर्घटनाग्रस्त हो गई। बताया गया कि बल्लूपुर से पहले लग्जरी कार ने क्रॉस किया था, फिर एकाएक युवाओं ने कार की रफ्तार बढ़ा दी। हालांकि अभी कार की स्पीड बढ़ने के इस कारण की पुस्टि नहीं हुई है। वही मामले में देहरादून के एसएसपी अजय सिंह का कहना है कि उन्होंने शहर के अलग-अलग हिस्सों में कार की सीसीटीवी फुटेज चेक की है, जिसमें गाड़ी काफी धीरे चल रही है. यानी ओवर स्पीडिंग वाली बात में सच्चाई नही है. सिर्फ, हादसे वाली जगह कार की स्पीड तेज हुई जो की जांच का विषय है। उन्होंने आगे ये भी कहा कि बीएमडब्लू से रेस लगाने वाली बात भी गलत है, ऐसा उस वक्त के हालातों और सीसीटीवी फुटेज चेक करने से लगता है। बाकी सच्चाई सिद्धेश के होश में आने पर ही पता चल पाएगी। साथ ही हादसे के वक्त छात्र के सनरूफ पर रहने की बात में भी सच्चाई नहीं है सभी छात्र गाड़ी में बैठे थे।