होली के पर्व पर देश के कई राज्यों में शराब की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है। 4 मार्च 2026, बुधवार को धुलेंडी के दिन राजधानी दिल्ली समेत उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, पंजाब, हरियाणा, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में शराब की दुकानें बंद रहेंगी। प्रशासन ने कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए यह फैसला लिया है।
दिल्ली में पूर्ण प्रतिबंध
दिल्ली के आबकारी विभाग के अनुसार 4 मार्च को होली (धुलेंडी) के अवसर पर पूरी दिल्ली में शराब की सभी दुकानें बंद रहेंगी। होटल, क्लब और रेस्तरां में भी शराब परोसने पर रोक रहेगी। हालांकि लाइसेंस प्राप्त होटलों में केवल रूम सर्विस के माध्यम से शराब उपलब्ध कराई जा सकेगी।
मार्च महीने में दिल्ली में करीब पांच दिन शराबबंदी रहेगी। इनमें राम नवमी, महावीर जयंती, शहीद दिवस और ईद उल फितर जैसे अवसर शामिल हैं।
उत्तर प्रदेश में सख्ती
उत्तर प्रदेश में 4 और 5 मार्च को कई जिलों में शराब की दुकानें निर्धारित समय तक बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं। प्रयागराज में जिलाधिकारी के निर्देशानुसार 4 मार्च शाम 5 बजे से 5 मार्च दोपहर 2 बजे तक सभी देशी, विदेशी शराब, बीयर और मॉडल शॉप बंद रहेंगी।
वहीं नोएडा और गाजियाबाद में होली पार्टियों के लिए FL-11 लाइसेंस अनिवार्य कर दिया गया है। बिना लाइसेंस शराब परोसने पर भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
महाराष्ट्र में ड्राई डे बरकरार
महाराष्ट्र में होली के मौके पर ड्राई डे को लेकर चर्चाएं थीं कि इसे हटाया जा सकता है, लेकिन आबकारी विभाग ने स्पष्ट किया है कि 4 मार्च को ड्राई डे लागू रहेगा। मुंबई और पुणे सहित पूरे राज्य में शराब की दुकानें बंद रहेंगी। इसके अलावा 23 मार्च को शहीद दिवस और 26 मार्च को राम नवमी के अवसर पर भी शराबबंदी रह सकती है।
छत्तीसगढ़ और राजस्थान में भी ठेके बंद
छत्तीसगढ़ में 4 मार्च धुलेंडी के दिन पूरे प्रदेश में शराब की दुकानें बंद रखने का आदेश जारी किया गया है। इस बार भांग और भांग घोटा की बिक्री पर भी प्रतिबंध लगाया गया है।
मध्य प्रदेश में भी होली के दिन शराब की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
इसी तरह राजस्थान में भी 4 मार्च को सभी शराब की दुकानें बंद रहेंगी। राजस्थान आबकारी विभाग ने अवैध शराब की बिक्री रोकने के लिए विशेष टीमें गठित की हैं और सख्त निगरानी के निर्देश दिए हैं।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर जोर
प्रशासन का कहना है कि त्योहारों के दौरान शांति और सौहार्द बनाए रखने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि नियमों का पालन करें और त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं।