दिल्ली के रोहिणी इलाके में CRPF स्कूल के पास जोरदार धमाके के बाद हड़कंप मचा हुआ है। जांच एजेंसियां मौके पर हैं। इस वक्त NSG, NIA, फॉरेंसिक टीम, FSL समेत कई एजेंसियां जांच में जुटीं हैं। ब्लास्ट वाली जगह से सुरक्षा एजेंसियों ने सफेद पाउडर बरामद किया है प्रारंभिक जांच में इसे डायरेक्शनल ब्लास्ट माना जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, विस्फोटक सामग्री को इस प्रकार से लगाया गया था कि उसके रिफ्लेक्टिव प्रेशर से शॉकवेव उत्पन्न हुई , जिससे आसपास के इलाके में नुकसान पहुंचा.एजेंसियों ने पूरे इलाके को कॉर्डन ऑफ कर लिया है और वहां की मैपिंग की जा रही है। साथ ही, आसपास की दुकानों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि धमाका करने वाले की पहचान हो सके केंद्र सरकार ने दिल्ली पुलिस से घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है और मामले में जल्द कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं आपको बता दे धमाके के बाद बदबू फैलने के कारण लोगों को सांस लेने में तकलीफ हुई।
हालांकि, राहत की बात यह है कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है। वही जांचकर्ताओं के अनुसार, ऐसे मामलों में ठोस या तरल विस्फोटक सामग्री बहुत गर्म, सघन और उच्च दबाव वाली गैस में परिवर्तित हो जाती है। विस्फोट के बाद यह गैस बेहद तेज गति से फैलती है, जिससे हवा में एक शक्तिशाली शॉकवेव पैदा होती है। यह शॉकवेव आस-पास के इलाकों में सुपरसोनिक स्पीड से फैलती है और भारी नुकसान का कारण बनती है। यही वजह है कि धमाके के बाद इलाके की इमारतों और गाड़ियों के शीशे टूट गए। विशेषज्ञों का मानना है कि विस्फोट के इस स्वरूप को देखते हुए इसे एक सोची-समझी साजिश के तहत किया गया घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है और जल्द ही मामले को स्पेशल सेल को ट्रांसफर किया जाएगा।