बागेश्वर। जिले के भैरूचौबट्टा क्षेत्र में खड़िया खनन दोबारा शुरू करने की मांग को लेकर आंदोलन तेज हो गया है। खनन कार्य बंद होने से रोजगार और आजीविका पर पड़ रहे असर के विरोध में धरने पर बैठे ग्रामीणों और मजदूरों ने आज से क्रमिक अनशन शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, वे पिछले नौ दिनों से धरने के माध्यम से अपनी मांग उठा रहे हैं, लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई है। खनन बंद होने से क्षेत्र में इससे जुड़े मजदूरों और स्थानीय लोगों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। आंदोलनकारियों का कहना है कि खड़िया खनन से कई परिवारों की आजीविका जुड़ी हुई है और काम बंद रहने से उनके लिए घर का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है। इसी वजह से वे खनन कार्य दोबारा शुरू कराने और मामले का जल्द समाधान निकालने की मांग कर रहे हैं।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सुनवाई नहीं हुई और प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो 30 अक्टूबर से आमरण अनशन शुरू किया जाएगा। उनका कहना है कि नौ दिनों तक धरना देने के बावजूद समाधान नहीं निकलने के कारण उन्हें आंदोलन का अगला चरण शुरू करना पड़ा है। अब क्रमिक अनशन के जरिए प्रशासन तक अपनी मांग पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। आंदोलनकारियों की चेतावनी के बाद अब प्रशासन की भूमिका अहम हो गई है। देखना होगा कि 30 अक्टूबर से पहले इस विवाद के समाधान के लिए कोई पहल होती है या नहीं, और भैरूचौबट्टा में खड़िया खनन को लेकर जारी आंदोलन आगे क्या रूप लेता है।